तमिलनाडु के नए मुख्यमंत्री जोसेफ थलपति विजय ने दिल्ली में पीएम नरेंद्र मोदी से पहली बार मुलाकात की। जानिए रेंज रोवर से उनकी ग्रैंड एंट्री और इस मुलाकात के बड़े मुद्दों के बारे में।
नई दिल्ली / चेन्नई: तमिलनाडु की राजनीति में एक नए युग की शुरुआत करने वाले ‘सुपरस्टार’ मुख्यमंत्री जोसेफ थलपति विजय (Thalapathy Vijay) लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री की कमान संभालने के बाद वे पहली बार देश की राजधानी दिल्ली पहुंचे हैं। बुधवार को सीएम विजय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उनके कार्यालय में एक शिष्टाचार मुलाकात की। दोनों नेताओं के बीच यह पहली आधिकारिक बैठक है, जिस पर पूरे देश की राजनीतिक नजरें टिकी हुई हैं।
रेंज रोवर से पहुंचे तमिलनाडु हाउस, दिल्ली में दिखी ‘ग्रैंड एंट्री’
दिल्ली पहुंचने पर थलपति विजय का अंदाज बिल्कुल किसी सुपरस्टार की तरह ही दिखा। वे अपनी लग्जरी रेंज रोवर (Range Rover) कार से सेंट्रल दिल्ली स्थित तमिलनाडु हाउस पहुंचे। मुख्यमंत्री बनने के बाद दिल्ली के अपने पहले दौरे पर उन्हें यहाँ गार्ड ऑफ ऑनर (Guard of Honour) भी दिया गया।
तमिलनाडु हाउस के बाहर और सोशल मीडिया पर उनके प्रशंसकों और समर्थकों के बीच इस ‘ग्रैंड एंट्री’ को लेकर भारी उत्साह देखा जा रहा है।
मुलाकात से पहले तैयार की थी ‘स्पेशल लिस्ट’
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात का समय शाम 4 बजे तय किया गया था। इस बेहद अहम बैठक से ठीक पहले मुख्यमंत्री विजय ने राज्य के जुड़े मुद्दों को लेकर एक विशेष लिस्ट (एजेंडा) तैयार की थी। लगभग 20-25 मिनट चली इस बैठक में विजय ने तमिलनाडु के विकास और जनता से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों को पीएम के सामने रखा।
मुलाकात के मुख्य एजेंडे:
- मछुआरों की सुरक्षा का मुद्दा: श्रीलंकाई नौसेना द्वारा तमिलनाडु के मछुआरों की गिरफ्तारी और उत्पीड़न पर चिंता।
- मेकेदातु बांध विवाद: पड़ोसी राज्य के साथ चल रहे पानी के संकट और बांध विवाद पर चर्चा।
- सांस्कृतिक धरोहर: नीदरलैंड से भारत वापस लाई गई ऐतिहासिक ‘अनैमंगलम’ तांबे की प्लेटों (copper plates) के लिए पीएम मोदी का आभार जताया।
तमिलनाडु की राजनीति में ऐतिहासिक मोड़
हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में थलपति विजय की पार्टी तमिलगा वेट्ट्री कझगम (TVK) ने 108 सीटों पर जीत हासिल कर सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी। इसके बाद कांग्रेस और अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर उन्होंने 10 मई 2026 को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। तमिलनाडु में लगभग छह दशकों से चले आ रहे द्रमुक (DMK) और अन्नाद्रमुक (AIADMK) के पारंपरिक दबदबे को तोड़कर विजय का सीएम बनना भारतीय राजनीति की सबसे बड़ी घटनाओं में से एक है।
प्रधानमंत्री मोदी से उनकी यह पहली मुलाकात केंद्र और राज्य के बीच आगामी रिश्तों की दिशा तय करने में बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
