ग्वालियर के हरिदर्शन स्कूल समेत करीब 10 सरकारी स्कूलों की बिजली बकाया बिल पर कटी। प्रभावित स्कूल, पढ़ाई पर असर और एमपी में सरकारी बकाये का संदर्भ।
7 अक्टूबर 2026 तक की जानकारी के अनुसार
ग्वालियर के शासकीय हरिदर्शन उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में इन दिनों पढ़ाई खिड़कियों से आती धूप के सहारे चल रही है। पंखे बंद हैं, बल्ब बंद हैं और पानी की टंकी खाली है। वजह है बकाया बिजली बिल, जिसके चलते बिजली कंपनी ने शहर के करीब 10 सरकारी स्कूलों की सप्लाई रोक दी है।
ETV Bharat की रिपोर्ट के मुताबिक इन स्कूलों में लगभग 5 हजार बच्चे पढ़ते हैं। यह आंकड़ा रिपोर्टर का अनुमान है, किसी विभाग ने इसकी पुष्टि नहीं की है।
सोमवार से बंद है बिजली
हरिदर्शन स्कूल के प्राचार्य विजय कुमार पिपरौलिया बताते हैं कि स्कूल में सोमवार (5 अक्टूबर) से ही बिजली नहीं है। मंगलवार को उन्होंने बिजली कंपनी के क्षेत्रीय अभियंता से बात की तो जवाब मिला कि बकाया बिल की वजह से कनेक्शन फिलहाल अस्थायी रूप से काटा गया है। बुधवार को दोबारा बात करने पर अधिकारियों ने जल्द सप्लाई चालू करने की बात कही। लेकिन कब तक, यह किसी ने साफ नहीं बताया।
गर्मी, उमस और गैलरी में कक्षाएं
रिपोर्टर जब स्कूल पहुंचा तो दरवाजे के पास बेंच पर कुछ बच्चे बैठे थे और एक शिक्षक उन्हें पढ़ा रहे थे। एक कमरे में दो शिक्षक अलग-अलग कक्षाओं को संभाल रहे थे। पंखे थमे हुए थे और कमरे में उजाला सिर्फ खिड़कियों से आ रहा था।
शिक्षिका संगीता सोनी के मुताबिक स्कूल में जगह पहले से कम है, इसलिए तीन कक्षाएं एक ही कमरे में बैठानी पड़ती हैं। बिजली जाने के बाद गर्मी और उमस इतनी बढ़ी कि कुछ कक्षाएं गैलरी में लगानी पड़ीं। कंप्यूटर लैब के बाहर भी बच्चे बैठकर पढ़ते मिले। छात्र उमेश ने कहा कि गर्मी से हाल खराब है और पीने का पानी भी नहीं मिल रहा, ऐसे में पढ़ाई में मन नहीं लगता।
पानी की दिक्कत सीधे बिजली से जुड़ी है, क्योंकि स्कूल की टंकियां मोटर से भरी जाती हैं। प्राचार्य के अनुसार बच्चों की उपस्थिति भी कम हुई है और ऑनलाइन विभागीय काम अटक गए हैं।
और कौन-से स्कूल प्रभावित
परेशानी सिर्फ एक स्कूल की नहीं है। रिपोर्ट में इन स्कूलों के नाम भी गिनाए गए हैं:
- शासकीय कन्या विद्यालय, थाटीपुर
- शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, मुरार-2 (श्रीकृष्ण धर्मशाला)
- शासकीय विद्यालय, हेम सिंह की परेड
- शासकीय हाई स्कूल, घासमंडी
- GGMS, दाल बाजार
- शासकीय विद्यालय, जनकगंज
- शासकीय विद्यालय, राजा बाक्षर की गोठ
हरिदर्शन स्कूल को मिलाकर नाम आठ स्कूलों के ही सामने आए हैं, जबकि कुल संख्या “करीब 10” बताई गई है। बाकी दो स्कूलों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
स्मार्ट मीटर का मामला
रिपोर्ट में लिखा है कि बिजली विभाग इन दिनों नए स्मार्ट मीटर लगा रहा है। लेकिन स्कूलों की सप्लाई कटने का कारण बकाया बिल ही बताया गया है। यानी मीटर बदलने से बिजली कटने का सीधा रिश्ता अभी साबित नहीं है। अगर विभाग इस पर कुछ कहता है, तो खबर में जोड़ा जाएगा।
अभी क्या पता नहीं है
स्कूलों पर कुल कितना बिल बकाया है, भुगतान कौन करेगा और बिजली कब लौटेगी, इन तीनों सवालों के जवाब रिपोर्ट में नहीं हैं। बिजली कंपनी और जिला शिक्षा विभाग का आधिकारिक पक्ष भी अभी सामने नहीं आया है। यह खबर उनका जवाब मिलने पर अपडेट की जाएगी।
Key Highlights (अपडेटेड)
- ग्वालियर में करीब 10 सरकारी स्कूलों की बिजली बकाया बिल के कारण काटी गई।
- ETV Bharat के अनुसार करीब 5 हजार बच्चे प्रभावित हैं (अनुमान, आधिकारिक आंकड़ा नहीं)।
- हरिदर्शन स्कूल में सोमवार (5 अक्टूबर) से बिजली बंद है। कुछ कक्षाएं गैलरी में लग रही हैं और पानी की सप्लाई भी प्रभावित है।
- जून 2026 की रिपोर्टों के अनुसार राज्य के सरकारी विभागों पर बिजली कंपनियों का करीब ₹2,123.9 करोड़ बकाया है। इसमें स्कूल शिक्षा विभाग के कनेक्शनों पर लगभग ₹84.8 करोड़ है।
- राज्य ने फरवरी 2025 में सरकारी दफ्तरों में प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने के आदेश दिए थे, पर इन स्कूलों की कटौती का इससे संबंध पुष्ट नहीं है।
- बिजली कंपनी के अधिकारियों ने जल्द बहाली की बात कही है, समय-सीमा नहीं बताई।
- Important Details (अपडेटेड)
| बिंदु | जानकारी | स्रोत |
|---|---|---|
| जिला | ग्वालियर, मध्य प्रदेश | ETV Bharat (7 अक्टूबर 2026) |
| प्रभावित स्कूल | करीब 10 (8 के नाम सार्वजनिक) | ETV Bharat |
| कारण | बकाया बिजली बिल | ETV Bharat (अभियंता का हवाला) |
| कटौती कब से | सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 (हरिदर्शन स्कूल) | ETV Bharat |
| प्रभावित बच्चे | करीब 5,000 (अनुमान) | ETV Bharat |
| बकाया राशि (इन स्कूलों की) | उपलब्ध नहीं | , |
| बहाली की तारीख | घोषित नहीं | , |
| राज्य में सरकारी विभागों का कुल बकाया | ≈ ₹2,123.9 करोड़ | The Sootr / Patrika (जून 2026) |
| स्कूल शिक्षा विभाग का बकाया | ≈ ₹84.8 करोड़ (57,652 कनेक्शन) | The Sootr (जून 2026) |
| सरकारी दफ्तरों के लिए प्रीपेड मीटर का आदेश | फरवरी 2025 | ETV Bharat (12 फरवरी 2025) |
16. FAQ (अपडेटेड)
1. ग्वालियर के कौन-से सरकारी स्कूलों की बिजली कटी है?
ETV Bharat के अनुसार हरिदर्शन उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, कन्या विद्यालय थाटीपुर, मुरार-2 का श्रीकृष्ण धर्मशाला स्कूल, हेम सिंह की परेड, घासमंडी हाई स्कूल, दाल बाजार GGMS, जनकगंज और राजा बाक्षर की गोठ के स्कूल। कुल संख्या “करीब 10” बताई गई है।
2. बिजली क्यों काटी गई?
रिपोर्ट के मुताबिक बकाया बिजली बिल के कारण। यह बात हरिदर्शन स्कूल के प्राचार्य को बिजली कंपनी के अभियंता ने बताई।
3. क्या स्मार्ट मीटर लगने की वजह से बिजली कटी?
रिपोर्ट में कारण बकाया बिल बताया गया है। नए स्मार्ट मीटर लगने का जिक्र अलग संदर्भ में है, और दोनों का सीधा संबंध अभी पुष्ट नहीं है।
4. सरकारी दफ्तरों और स्कूलों के लिए प्रीपेड स्मार्ट मीटर का नियम क्या है?
फरवरी 2025 की ETV Bharat रिपोर्ट के अनुसार राज्य सरकार ने सभी सरकारी कार्यालयों में प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने के निर्देश दिए थे। इनमें नया मीटर लगने से पहले पुराना बकाया चुकाने और एडवांस रिचार्ज की बात थी। यह राज्यस्तरीय आदेश है, ग्वालियर के इन स्कूलों पर इसका लागू होना रिपोर्ट में स्पष्ट नहीं है।
5. मध्य प्रदेश में सरकारी विभागों पर कितना बिजली बिल बकाया है?
जून 2026 की रिपोर्टों के अनुसार करीब ₹2,123.9 करोड़, जिसमें स्कूल शिक्षा विभाग के लगभग 57,652 कनेक्शनों पर ₹84.8 करोड़ बताया गया है। ये राज्यव्यापी आंकड़े हैं, ग्वालियर के इन स्कूलों के नहीं।
6. बिजली कब तक बहाल होगी?
कोई निश्चित तारीख घोषित नहीं हुई है। प्राचार्य के अनुसार अधिकारियों ने “जल्द” बहाली की बात कही है।
7. बिजली न होने से स्कूलों में क्या दिक्कतें आ रही हैं?
पंखे-कूलर बंद हैं, कुछ कक्षाएं गैलरी में चल रही हैं, पानी की टंकियां नहीं भर पा रहीं, उपस्थिति घटी है और ऑनलाइन विभागीय काम अटके हैं।
18. Sources / Fact-Check (अपडेटेड)
Sources:
- ETV Bharat मध्य प्रदेश, “बकाया बिजली बिल से सरकारी स्कूलों की बत्ती गुल…” (7 अक्टूबर 2026): मुख्य खबर
- ETV Bharat, “बिजली बिल में मिलेगी 20 फीसदी तक की छूट, सरकारी विभागों को भी मिलेगा रिबेट” (12 फरवरी 2025): प्रीपेड मीटर नीति
