Pulwama Mastermind Terrorist Killed in Pakistan: भारत के सबसे बड़े जख्मों में से एक, 2019 के पुलवामा आतंकी हमले के मास्टरमाइंड और ‘अल बद्र’ (Al Badr) आतंकी संगठन के कमांडर हमजा बुरहान उर्फ डॉक्टर की पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी है। मुज़फ्फराबाद में हुए इस अचानक हमले में हमजा बुरहान की मौके पर ही मौत हो गई।
भारत सरकार ने उसे साल 2022 में ही UAPA (Unlawful Activities Prevention Act) के तहत आधिकारिक तौर पर ‘व्यक्तिगत आतंकवादी’ घोषित किया था।
📌 मुख्य बिंदु: हमजा बुरहान हत्याकांड (Key Highlights)
- कहां हुई हत्या: पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) के मुज़फ्फराबाद में AIMS कॉलेज के ठीक बाहर।
- कैसे हुई मौत: अज्ञात बंदूकधारियों ने हमजा बुरहान पर अंधाधुंध गोलियां बरसाईं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
- असली पहचान: उसका वास्तविक नाम अर्जुमंद गुलजार डार (Arjumand Gulzar Dar) उर्फ हमजा बुरहान उर्फ डॉक्टर था।
- मूल निवासी: वह जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले के रत्नीपोरा (खरबतपोरा) इलाके का रहने वाला था।
- आतंकी संगठन: प्रतिबंधित पाकिस्तानी आतंकी संगठन अल बद्र (Al-Badr) का सक्रिय कमांडर।
- भारत का एक्शन: साल 2022 में भारत के गृह मंत्रालय (MHA) ने उसे UAPA के तहत आतंकी घोषित किया था।
🔍 कौन था हमजा बुरहान? (Who was Arjumand Gulzar Dar alias Hamza Burhan)
हमजा बुरहान कश्मीर का ही रहने वाला था। उसकी पूरी प्रोफाइल और आतंकी नेटवर्क नीचे दी गई तालिका में समझ सकते हैं:
| विवरण | जानकारी |
| उम्र | लगभग 27 वर्ष (गृह मंत्रालय के अनुसार जन्म 1999) |
| पुलवामा कनेक्शन | 2019 के पुलवामा हमले (जिसमें 40 CRPF जवान शहीद हुए थे) की साजिश और फंडिंग का मुख्य आरोपी। |
| पाकिस्तानी वीजा | वह साल 2017-18 में पढ़ाई के बहाने कानूनी तरीके से वीजा लेकर पाकिस्तान गया था, लेकिन वहां जाकर अल बद्र में शामिल हो गया। |
| करीबी नेटवर्क | वह घाटी के कुख्यात आतंकियों जैसे बुरहान वानी, जाकिर मूसा, अबू दुजाना और अबू कासिम का बेहद करीबी सहयोगी था। |
| अन्य आतंकी गतिविधियां | 2020 में CRPF जवानों पर ग्रेनेड हमलों में शामिल था। साथ ही वह वर्चुअल मोड (इंटरनेट) के जरिए कश्मीर के युवाओं को भड़काने और टेरर फंडिंग (Terror Funding) का काम कर रहा था। |
🎯 PoK में कैसे हुआ हमला?
खुफिया सूत्रों के मुताबिक, हमजा बुरहान PoK की राजधानी मुज़फ्फराबाद में सुरक्षित ठिकाने पर रह रहा था और वहीं से भारत के खिलाफ साजिशें रच रहा था। वह मुज़फ्फराबाद के AIMS कॉलेज के पास मौजूद था, तभी मोटरसाइकिल सवार अज्ञात हमलावरों ने उस पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। उसे संभलने का मौका तक नहीं मिला और कई गोलियां लगने के कारण उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
महत्वपूर्ण बात: पिछले कुछ समय से पाकिस्तान और PoK में भारत के खिलाफ काम करने वाले मोस्ट वांटेड आतंकियों को अज्ञात हमलावरों द्वारा निशाना बनाए जाने का यह एक और बड़ा मामला है।
भारत के लिए यह क्यों बड़ी कामयाबी है?
2019 का पुलवामा हमला भारत के इतिहास पर एक गहरा घाव था। हमजा बुरहान पाकिस्तान में बैठकर कश्मीरी युवाओं का ब्रेनवॉश कर रहा था और उन्हें अल बद्र में भर्ती होने के लिए उकसाता था। एजेंसियों के अनुसार, वह लगातार घाटी में हथियार और हवाला के जरिए पैसे पहुंचाने का नेटवर्क चला रहा था। उसकी मौत से अल बद्र के रिक्रूटमेंट और फंडिंग मॉड्यूल को करारा झटका लगा है
