ग्वालियर के विवेकानंद तिराहे पर भोपाल जा रही बस में आग लग गई। 25 यात्रियों ने कूदकर जान बचाई, हार्ट पेशेंट बुजुर्ग को CPR देकर अस्पताल भेजा गया।
ग्वालियर से भोपाल जा रही एक वीडियोकोच बस में शनिवार रात अचानक भीषण आग लग गई। घटना चेतकपुरी इलाके के विवेकानंद तिराहे के पास हुई, जहां बस में सवार करीब 25 यात्रियों को खिड़की और दरवाजे से कूदकर अपनी जान बचानी पड़ी। हादसे में किसी की मौत नहीं हुई, लेकिन धुएं की वजह से एक बुजुर्ग हार्ट पेशेंट बेहोश हो गए, जिन्हें मौके पर CPR देकर अस्पताल में भर्ती कराया गया।
धुआं दिखते ही मच गई अफरा-तफरी
शरद ट्रैवल्स की यह बस शनिवार रात करीब 9 बजे ग्वालियर रोडवेज बस स्टैंड से भोपाल के लिए रवाना हुई थी। करीब आधे घंटे बाद, जब बस विवेकानंद तिराहे के पास पहुंची, तो यात्रियों को बस के अंदर धुआं दिखाई दिया। यात्रियों ने तुरंत इसकी जानकारी चालक और क्लीनर को दी।
बस कुछ देर के लिए तिराहे पर यात्रियों को बैठाने के लिए रुकी थी। इसी दौरान बस के पिछले हिस्से से अचानक तेज लपटें उठने लगीं और देखते ही देखते आग तेजी से फैल गई।
खिड़कियों के कांच तोड़कर बाहर निकले यात्री
आग बढ़ते देख बस में सवार यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। कई यात्री दरवाजा खोलकर बाहर निकले, जबकि कुछ ने खिड़कियों के कांच तोड़कर बाहर निकलने का रास्ता बनाया। बस स्टाफ ने भी यात्रियों को बाहर निकालने में मदद की। कुछ ही मिनटों में बस पूरी तरह खाली हो गई और सभी 25 यात्री सुरक्षित बाहर आ गए।
घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें बस से उठती लपटें और यात्रियों के कूदने का नजारा कैद है।
10 मिनट में पहुंची फायर ब्रिगेड, बस पूरी तरह जली
सूचना मिलने के बाद फायर ब्रिगेड की टीम करीब 10 मिनट में मौके पर पहुंच गई। दमकल की दो गाड़ियों ने बस पर पानी की बौछार कर आग बुझाने की कोशिश शुरू की। आग इतनी तेज थी कि कुछ ही समय में बस का बड़ा हिस्सा उसकी चपेट में आ गया। मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने आग पर काबू तो पा लिया, लेकिन तब तक बस पूरी तरह जलकर खाक हो चुकी थी। यात्रियों का सारा सामान भी आग में जल गया।
घटना के दौरान सड़क पर राहगीरों की भीड़ भी जमा हो गई थी।
हार्ट पेशेंट बुजुर्ग को दिया गया CPR
हादसे के दौरान बस में सवार एक बुजुर्ग यात्री धुएं के कारण बेहोश हो गए। जानकारी के अनुसार वह हार्ट पेशेंट थे। अन्य यात्रियों और मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने उन्हें बस से बाहर निकाला। हालत गंभीर होने पर उन्हें मौके पर ही CPR दिया गया, जिसके बाद एम्बुलेंस से जयारोग्य अस्पताल (JAH) के ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां उन्हें भर्ती कराया गया। जयारोग्य अस्पताल ग्वालियर-चंबल क्षेत्र का सबसे बड़ा सरकारी अस्पताल है, जहां गंभीर हादसों के मरीजों को अक्सर भर्ती किया जाता है।
राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी भी यात्री की जान नहीं गई।
ड्राइवर-क्लीनर पर यात्रियों ने लगाए आरोप
हादसे के बाद कुछ यात्रियों ने बस के ड्राइवर और क्लीनर पर गंभीर आरोप लगाए हैं। यात्रियों का कहना है कि बस में पहले से कोई तकनीकी खराबी थी, जिसे सफर पर निकलने से पहले ठीक कराया गया था। यात्रियों का यह भी आरोप है कि धुआं उठते ही ड्राइवर और क्लीनर ने बस से छलांग लगा दी और किसी यात्री को इसकी सूचना नहीं दी, जिससे बाकी सवारियां और डर गईं।
फिलहाल यह जानकारी यात्रियों के बयानों पर आधारित है। आग लगने की असल वजह को लेकर पुलिस या परिवहन विभाग की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है। मामले की जांच जारी बताई जा रही है।
मध्य प्रदेश में इस साल बस अग्निकांड की यह चौथी बड़ी घटना नहीं
दिलचस्प बात यह है कि 2026 में मध्य प्रदेश में यात्री बसों में आग लगने की यह कोई अकेली घटना नहीं है। बीते कुछ महीनों में राज्य में इस तरह के कई मामले सामने आ चुके हैं:
- 16 मई 2026 को शाजापुर के मक्सी इलाके में इंदौर-ग्वालियर इंटरसिटी बस में शॉर्ट सर्किट से आग लगी थी, जिसमें सीट के नीचे फंसे 4 साल के बच्चे की जलकर मौत हो गई थी।
- 1 जून 2026 को ग्वालियर-इंदौर हाईवे पर पनिहार के पास एक स्लीपर वीडियोकोच बस में आधी रात को आग लगी थी, जिसमें सवार करीब 45-50 यात्रियों को ड्राइवर और हेल्पर की सूझबूझ से सुरक्षित निकाला गया था।
- 9 जुलाई 2026 को इंदौर-देवास बॉर्डर पर रीवा-इंदौर एसी स्लीपर बस में आग लगी थी, जिसमें सवार सभी 43 यात्रियों को सुरक्षित बचा लिया गया था।
इन ज्यादातर घटनाओं में आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट या तकनीकी खराबी बताई गई है, हालांकि हर मामले की अलग से जांच की गई है। ताजा ग्वालियर-भोपाल हादसे में भी सभी 25 यात्री सुरक्षित रहे, जो इस पैटर्न से थोड़ा राहत भरा रहा।
FAQ:
Q1. ग्वालियर से भोपाल जा रही बस में आग कब और कहां लगी?
Answer: यह घटना शनिवार रात करीब 9:30 बजे ग्वालियर के चेतकपुरी इलाके स्थित विवेकानंद तिराहे के पास हुई।
Q2. बस में कितने यात्री सवार थे और क्या सब सुरक्षित हैं?
Answer: बस में करीब 25 यात्री सवार थे। सभी को सुरक्षित निकाल लिया गया और हादसे में किसी की मौत नहीं हुई।
Q3. बुजुर्ग यात्री को क्या हुआ था?
Answer: धुएं के कारण एक बुजुर्ग हार्ट पेशेंट बेहोश हो गए थे। उन्हें मौके पर CPR देकर एम्बुलेंस से जयारोग्य अस्पताल (JAH) के ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां भर्ती कराया गया।
Q4. क्या मध्य प्रदेश में इस तरह की घटनाएं पहले भी हुई हैं?
Answer: हां, 2026 में मध्य प्रदेश में यह चौथी बड़ी बस अग्निकांड घटना है। इससे पहले शाजापुर (मई), ग्वालियर-इंदौर हाईवे पनिहार (जून) और इंदौर-देवास बॉर्डर (जुलाई) में भी बस में आग लगने की घटनाएं हो चुकी हैं।
Q5. बस किस कंपनी की थी और कहां से कहां जा रही थी?
Answer: यह शरद ट्रैवल्स की वीडियोकोच बस थी, जो ग्वालियर रोडवेज बस स्टैंड से भोपाल के लिए रवाना हुई थी।
SOURCE/FACT CHECK NOTE:
यह लेख India TV Hindi, MP Breaking News, IndiaNews.in, ETV Bharat, Hindusthan Samachar और Palpal India पर प्रकाशित रिपोर्ट्स पर आधारित है। ड्राइवर-क्लीनर पर लगे आरोप यात्रियों के बयानों पर आधारित हैं, इसकी स्वतंत्र या आधिकारिक पुष्टि अभी उपलब्ध नहीं है, इसलिए इसे लेख में स्पष्ट रूप से आरोप के तौर पर दर्शाया गया है। पिछली घटनाओं (शाजापुर, पनिहार, इंदौर-देवास) का ब्योरा अलग-अलग तारीखों की रिपोर्ट्स से लिया गया है।
